क्राइम

200 टन कॉपर दिलाने का झांसा देकर 25.75 लाख की ठगी, खुद को कस्टम अधिकारी बताकर बनाया शिकार

गाजियाबाद: दिल्ली-एनसीआर में शातिर ठगों के हौसले बुलंद हैं। ताजा मामला गाजियाबाद के विजयनगर थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहाँ खुद को कस्टम विभाग का कर्मचारी बताने वाले एक जालसाज ने ऑटो रिपेयर कारोबारी से ₹25.75 लाख की मोटी रकम ठग ली। आरोपी ने पीड़ित को बेहद कम कीमत पर 200 टन कॉपर (तांबा) दिलाने का लालच देकर जाल में फंसाया था। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

कालकाजी मंदिर में रची गई थी ठगी की बिसात

पीड़ित मीर सिंह (निवासी विजयनगर) ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि अप्रैल 2024 में वह अपने एक परिचित के साथ दिल्ली के प्रसिद्ध कालकाजी मंदिर गए थे। वहाँ उनकी मुलाकात एक अज्ञात व्यक्ति से कराई गई। उस व्यक्ति ने खुद को कस्टम विभाग का कर्मचारी बताकर मीर सिंह का भरोसा जीत लिया। आरोपी ने दावा किया कि वह विभाग के जरिए उन्हें बेहद सस्ते दामों पर 200 टन कॉपर उपलब्ध करा सकता है, लेकिन इसके लिए एडवांस ‘सुरक्षा राशि’ जमा करनी होगी।

सिक्योरिटी मनी के नाम पर ऐंठे ₹26.50 लाख

आरोपी के झांसे में आकर मीर सिंह ने उसके बैंक खाते में ₹16 लाख ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए, जबकि ₹10.50 लाख नकद (कैश) सौंप दिए। इस तरह आरोपी ने कुल ₹26.50 लाख वसूल लिए और पीड़ित को भरोसे के तौर पर एक चेक भी थमा दिया।

रकम वापस मांगने पर मिली जान से मारने की धमकी

मोटी रकम हड़पने के बाद आरोपी कॉपर की डिलीवरी देने के नाम पर लगातार तारीखें टालने लगा। जब पीड़ित ने पैसे वापस करने का दबाव बनाया, तो आरोपी ने पेटीएम के जरिए तीन किस्तों में महज ₹75 हजार वापस किए, लेकिन बाकी के ₹25.75 लाख डकार गया। मीर सिंह ने जब अपनी शेष रकम के लिए दोबारा संपर्क किया, तो आरोपी ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी।

विजयनगर थाना पुलिस के अनुसार, पीड़ित की तहरीर के आधार पर धोखाधड़ी और धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस बैंक खातों और ट्रांजैक्शन डिटेल के आधार पर फर्जी कस्टम अधिकारी की तलाश में जुट गई है।